सन्तान

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  • हे लड़कों, आओ, मेरी सुनो, मैं तुम को यहोवा का भय मानना सिखाऊंगा। भजन संहिता ३४:११
  • जवान अपनी चाल को किस उपाय से शुद्ध रखे? तेरे वचन के अनुसार सावधान रहने से। भजन संहिता ११९:९
  • यहोवा मेरे लिये सब कुछ पूरा करेगा; हे यहोवा, तेरी करूणा सदा की है। तू अपने हाथों के कार्यों को त्याग न दे। भजन संहिता १३८:८
  • हमारे बेटे जवानी के समय पौधों की नाईं बढ़े हुए हों, और हमारी बेटियां उन कोनेवाले पत्थरों के समान हों, जो मन्दिर के पत्थरों की नाईं बनाए जाएं भजन संहिता १४४:१२
  • हे मेरे पुत्र, मेरी शिक्षा को न भूलना; अपने हृदय में मेरी आज्ञाओं को रखे रहना नीतिवचन ३:१
  • इसलिये अब हे मेरे पुत्रों, मेरी सुनो, क्या ही धन्य हैं वे जो मेरे मार्ग को पकड़े रहते हैं। शिक्षा को सुनो, और बुद्धिमान हो जाओ, उसके विषय में अनसुनी न करो। नीतिवचन ८:३२, ३३
  • लड़के को शिक्षा उसी मार्ग की दे जिस में उसको चलना चाहिये, और वह बुढ़ापे में भी उस से न हटेगा। नीतिवचन २२:६
  • तू धामिर्कता के द्वारा स्थिर होगी; तू अन्धेर से बचेगी, क्योंकि तुझे डरना न पड़ेगा और तू भयभीत होने से बचेगी, क्योंकि भय का कारण तेरे पास न आएगा। यशायाह ५४:१३
  • भोजन करने के बाद यीशु ने शमौन पतरस से कहा, हे शमौन, यूहन्ना के पुत्र, क्‍या तू इन से बढ़कर मुझ से प्रेम रखता है उस ने उस से कहा, हां प्रभु तू तो जानता है, कि मैं तुझ से प्रीति रखता हूं; उस ने उस से कहा, मेरे मेमनों को चरा। युहन्ना २१:१५
  • जवानी की अभिलाषाओं से भाग; और जो शुद्ध मन से प्रभु का नाम लेते हैं, उन के साथ धर्म, और विश्वास, और प्रेम, और मेल-मिलाप का पीछा कर। २ तीमुथियुस २:२२
  • मुझे इस से बढ़कर और कोई आनन्‍द नहीं, कि मैं सुनूं, कि मेरे लड़के-बाले सत्य पर चलते हैं। ३ युहन्ना १:४
  • क्योंकि यहोवा जिस से प्रेम रखता है उसको डांटता है, जैसे कि बाप उस बेटे को जिसे वह अधिक चाहता है। नीतिवचन ३:१२
  • जो बेटे पर छड़ी नहीं चलाता वह उसका बैरी है, परन्तु जो उस से प्रेम रखता, वह यत्न से उसको शिक्षा देता है। नीतिवचन १३:२४
  • जब तक आशा है तो अपने पुत्र की ताड़ना कर, जान बूझकर उसको मार न डाल। नीतिवचन १९:१८
  • लड़के के मन में मूढ़ता बन्धी रहती है, परन्तु छड़ी की ताड़ना के द्वारा वह उस से दूर की जाती है। नीतिवचन २२:१५
  • लड़के की ताड़ना न छोड़ना; क्योंकि यदि तू उसका छड़ी से मारे, तो वह न मरेगा। नीतिवचन २३:१३
  • हे बच्‍चेवालों, अपने बालकों को तंग न करो, न हो कि उन का साहस टूट जाए। कुलुस्सियों ३:२१
  • अपने घर का अच्‍छा प्रबन्‍ध करता हो, और लड़के-बालों को सारी गम्भीरता से आधीन रखता हो। १ तिमुथियुस ३:४
  • और तुम उस उपदेश को जो तुम को पुत्रों की नाई दिया जाता है, भूल गए हो, कि हे मेरे पुत्र, प्रभु की ताड़ना को हलकी बात न जान, और जब वह तुझे घुड़के तो हियाव न छोड़। क्‍योंकि प्रभु, जिस से प्रेम करता है, उस की ताड़ना भी करता है; और जिसे पुत्र बना लेता है, उस को कोड़े भी लगाता है। तुम दुख को ताड़ना समझकर सह लो; परमेश्वर तुम्हें पुत्र जानकर तुम्हारे साथ बर्ताव करता है, वह कौन सा पुत्र है, जिस की ताड़ना पिता नहीं करता? यदि वह ताड़ना जिस के भागी सब होते हैं, तुम्हारी नहीं हुई, तो तुम पुत्र नहीं, पर व्यभिचार की सन्‍तान ठहरे! फिर जब कि हमारे शारीरिक पिता भी हमारी ताड़ना किया करते थे, तो क्‍या आत्माओं के पिता के और भी आधीन न रहें जिस से जीवित रहें। इब्रानियों १२:५-९
  • और तू इन्हें अपने बाल बच्चों को समझाकर सिखाया करना, और घर में बैठे, मार्ग पर चलते, लेटते, उठते, इनकी चर्चा किया करना। व्यवस्थाविवरण ६:७
  • इन बातों को जिनकी आज्ञा मैं तुझे सुनाता हूं चित्त लगाकर सुन, कि जब तू वह काम करे जो तेरे परमेश्वर यहोवा की दृष्टि में भला और ठीक है, तब तेरा और तेरे बाद तेरे वंश का भी सदा भला होता रहे। व्यवस्थाविवरण १२:२८
  • तब उस ने उन से कहा कि जितनी बातें मैं आज तुम से चिताकर कहता हूं उन सब पर अपना अपना मन लगाओ, और उनकी अर्थात इस व्यवस्था की सारी बातों के मानने में चौकसी करने की आज्ञा अपने लड़के बालों को दो। क्योंकि यह तुम्हारे लिये व्यर्थ काम नहीं, परन्तु तुम्हारा जीवन ही है, और ऐसा करने से उस देश में तुम्हारी आयु के दिन बहुत होंगे, जिसके अधिकारी होने को तुम यरदन पार जा रहे हो। व्यवस्थाविवरण ३२:४६, ४७
  • और मेरा पिता मुझे यह कहकर सिखाता था, कि तेरा मन मेरे वचन पर लगा रहे; तू मेरी आज्ञाओं का पालन कर, तब जीवित रहेगा। बुद्धि को प्राप्त कर, समझ को भी प्राप्त कर; उनको भूल न जाना, न मेरी बातों को छोड़ना। नीतिवचन ४:४, ५
  • धर्मी जो खराई से चलता रहता है, उसके पीछे उसके लड़के बाले धन्य होते हैं। नीतिवचन २०:७
  • उन से मत डरो; प्रभु जो महान और भययोग्य है, उसी को स्मरण करके, अपके भाइयों, बेटों, बेटियों, स्त्रियों और घरों के लिये युद्ध करना। नेहेमयाह ४:१४
  • परन्‍तु प्रभु की शिक्षा, और चितावनी देते हुए, उन का पालन-पोषण करो। इफिसियों ६:४
  • और जो बातें तू ने बहुत गवाहों के साम्हने मुझ से सुनी है, उन्‍हें विश्वासी मनुष्यों को सौंप दे, जो औरों को भी सिखाने के योग्य हों। २ तीमुथियुस २:२